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Rajasthan Panchayat Election: राजस्थान के पंचायत चुनाव से पहले सियासी उठापठक तेज हो गई है. चुनावी मोड के निकाय चुनाव के बाद अब पंचायत चुनाव के बीच पार्टियों में हलचल तेज है. पीसीसी अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा की मौजूदगी में भाजपा नेताओं के साथ कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस ज्वाइन की.
भाजपा के नेता कांग्रेस में शामिल
पंचायत चुनाव से पहले राजस्थान में कांग्रेस ने दूसरे दलों के नेताओं को पार्टी में शामिल करने की कवायद तेज कर दी है. PCC में प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा की मौजूदगी में कोटपूतली, दौसा, सपोटरा और टोडाभीम क्षेत्र के कई नेता कांग्रेस में शामिल हुए. इनमें कोटपूतली भाजपा ओबीसी मोर्चा के प्रदेश पदाधिकारी इंजीनियर सुभाष घोघड़ भी शामिल हैं. पूर्व विधायक इंद्राज गुर्जर ने ज्वाइनिंग करवाई.
कांग्रेस में शामिल होने वालों में भाजपा के स्थानीय पदाधिकारी दिलीप यादव, पुष्कर शर्मा, राकेश पाल सिंह, धर्मवीर सिंह राठौड़, मुकेश सिराथना, मनोज शर्मा, शीशराम जाट और सुशील यादव सहित अन्य नेता शामिल रहे. डोटासरा ने सेवानिवृत्त आईएएस पीआर मीणा के भी कांग्रेस में शामिल होने का जिक्र किया.
कांग्रेस का संगठन मजबूत होगा- डोटासरा
गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि नए साथियों के आने से कांग्रेस संगठन मजबूत होगा. उन्होंने भाजपा सरकार पर पंचायत चुनाव में देरी का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस उम्मीदवारों की तैयारी कर रही है. संभावित प्रत्याशियों की कार्यशालाओं को लेकर भी उन्होंने सवाल उठाए. आरोप लगाया कि इनके जरिए जुटाया जा रहा डेटा प्रत्याशियों को डराने के लिए इस्तेमाल हो सकता है.
पाली बोर्ड गठन को लेकर डोटासरा ने लगाए आरोप
डोटासरा ने पाली में बोर्ड गठन को लेकर भाजपा पर धनबल के इस्तेमाल का आरोप लगाया और प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ के बयान पर पलटवार किया. उन्होंने अधिकारियों के कामकाज का रिकॉर्ड रखने का दावा करते हुए कहा कि कांग्रेस हर गतिविधि पर नजर रख रही है. साथ ही आगामी इंडिया गठबंधन की रैली में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के शामिल होने की बात कही.
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चित्तौड़गढ़ जिले के कपासन में पंचायतीराज आम चुनाव 2026 को लेकर पंचायत समिति सभागार में प्रत्याशी प्रबोधन कार्यशाला आयोजित की गई. कार्यशाला में पंचायतीराज संस्थाओं के संभावित प्रत्याशियों को चुनाव प्रक्रिया और नामांकन से जुड़े दिशा-निर्देशों की जानकारी दी गई. अधिकारियों ने नामांकन पत्र भरने की प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेजों और चुनाव संबंधी नियमों के बारे में विस्तार से समझाया.
राज्य निर्वाचन आयोग और जिला निर्वाचन अधिकारी के निर्देशानुसार आयोजित इस कार्यशाला का उद्देश्य संभावित उम्मीदवारों को चुनाव प्रक्रिया के प्रति जागरूक करना रहा, ताकि प्रत्याशी निर्धारित नियमों के अनुसार अपना नामांकन प्रस्तुत कर सकें.