पुरोहितजी का कटला अग्निकांड पर मेयर सुनील कोठारी के सवाल: वक्त पर काम न आए संसाधन तो फायदा क्या?
Jaipur Municipal Corporation: करीब 11 महीने बाद जनप्रतिनिधियों के हाथ नगर निगम की कमान आने के बाद नई शहरी सरकार की पहली बड़ी बैठक हुई. मेयर सुनील कोठारी ने तीन घंटे से ज्यादा चली बैठक में निगम की 15 से अधिक शाखाओं के कामकाज और लंबित मामलों की समीक्षा की.
Sunil Kothari: करीब 11 महीने बाद नगर निगम की कमान जनप्रतिनिधियों के हाथ आने के बाद नई शहरी सरकार की पहली बड़ी बैठक मंगलवार को हुई. मेयर सुनील कोठारी की अध्यक्षता में हुई यह बैठक तीन घंटे से ज्यादा चली. इस दौरान निगम की 15 से अधिक शाखाओं के कामकाज, लंबित प्रकरणों और व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई. पहली बैठक में मेयर का फोकस नई घोषणाओं से ज्यादा निगम के पुराने सिस्टम की कमियों को दूर करने और अधिकारियों की जवाबदेही तय करने पर रहा.
15 से ज्यादा शाखाओं का लिया रिपोर्ट कार्ड
मेयर सुनील कोठारी ने राजस्व, कार्मिक, सफाई, स्वास्थ्य, उद्यान, प्रोजेक्ट, गैराज और कानूनी मामलों सहित अलग-अलग शाखाओं के अधिकारियों से वन-टू-वन जानकारी ली. उन्होंने लंबित मामलों के निस्तारण और जनता से जुड़ी शिकायतों को समयबद्ध तरीके से दूर करने के निर्देश दिए. मेयर ने जोन उपायुक्तों और अन्य अधिकारियों से कहा कि वे केवल कार्यालयों में बैठकर काम की निगरानी न करें, बल्कि अपने-अपने क्षेत्रों में जाकर मौके पर व्यवस्थाओं का जायजा लें.
हेरिटेज क्षेत्र में अवैध निर्माण पर सख्ती
बैठक में चारदीवारी और हेरिटेज क्षेत्र की व्यवस्थाओं पर भी चर्चा हुई. मेयर ने अधिकारियों को नियमों की सख्ती से पालना कराने और अवैध निर्माण व अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए. इसके अलावा शहर की सफाई व्यवस्था को बेहतर करने, अवैध मीट-मांस की दुकानों पर कार्रवाई और सड़कों पर घूम रहे बेसहारा पशुओं की समस्या के समाधान को लेकर भी अधिकारियों को निर्देश दिए गए.
पुरोहितजी का कटला अग्निकांड भी उठा
बैठक के दौरान पुरोहितजी का कटला अग्निकांड का मुद्दा भी सामने आया. मेयर ने फायर सिस्टम और उपलब्ध संसाधनों को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि जरूरत के समय उपकरण और संसाधन काम नहीं आए तो उनकी उपयोगिता क्या है. उन्होंने फायर व्यवस्था में सामने आई कमियों का विश्लेषण करने और जहां जिम्मेदारी तय होती है, वहां जवाबदेही तय करने की बात कही.
‘एक सोच-एक डोर’ के साथ काम करने का मंत्र
मेयर ने अधिकारियों को ‘एक सोच-एक डोर’ के साथ टीम के रूप में काम करने का मंत्र दिया. उन्होंने कहा कि निगम की सभी शाखाओं के बीच बेहतर तालमेल से ही शहर की व्यवस्थाओं में बदलाव लाया जा सकता है. बैठक में उपमहापौर सरोज कंवर, अतिरिक्त आयुक्त नरेन्द्र कुमार बंसल, उपायुक्त स्वास्थ्य ओम थानवी, चीफ इंजीनियर अनिल सिंघल सहित जोन उपायुक्त और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे. अब नजर इस बात पर रहेगी कि पहली बैठक में तय की गई प्राथमिकताओं के मुताबिक सफाई, अतिक्रमण, अवैध निर्माण, बेसहारा पशुओं और लंबित शिकायतों के निस्तारण में जमीन पर कितनी तेजी से बदलाव दिखाई देता है.