डूंगरपुर पंचायत चुनाव: वोटिंग के दौरान दिखी इंसानियत की मिसाल, दिव्यांग भाई का फर्ज देख हर कोई रह गया दंग
डूंगरपुर की 201 ग्राम पंचायतों में सरपंच चुनाव के लिए मतदान जारी है. दोवड़ा में दिव्यांग रमेश कटारा को उनका भाई गोद में उठाकर वोट डलवाने पहुंचा. जिले के 132 संवेदनशील मतदान केंद्रों पर सशस्त्र जवान तैनात हैं.
राजस्थान में पंचायतीराज चुनाव के दूसरे चरण के तहत डूंगरपुर जिले की 7 पंचायत समितियों में आज सरपंच और वार्ड पंच पदों के लिए मतदान हो रहा है. सुबह 7 बजे मतदान प्रक्रिया शुरू होते ही मतदाता अपने-अपने मतदान केंद्रों पर पहुंचने लगे. दिन चढ़ने के साथ ही बूथों पर मतदाताओं की भीड़ बढ़ती गई. चुनाव को लेकर ग्रामीणों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है.
201 पंचायतों में चुने जा रहे सरपंच
दूसरे चरण में डूंगरपुर जिले की डूंगरपुर, आसपुर, बिछीवाड़ा, साबला, दोवड़ा, गामड़ी अहाड़ा और पाल देवल पंचायत समितियों की कुल 201 ग्राम पंचायतों में सरपंच पद के लिए चुनाव हो रहे हैं. वहीं, जिले के 1755 वार्डों में से 1741 वार्डों में वार्ड पंच पद के लिए मतदान कराया जा रहा है.
सरपंच और वार्ड पंच दोनों पदों के लिए मतदान बैलेट पेपर के माध्यम से हो रहा है. सुबह से ही ग्रामीण मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करने के लिए मतदान केंद्रों पर पहुंचने लगे. कई बूथों पर सुबह से ही लंबी कतारें देखने को मिलीं.
दिव्यांग रमेश को गोद में लेकर मतदान कराने पहुंचा भाई
चुनाव के दौरान लोकतंत्र के प्रति लोगों का उत्साह और जिम्मेदारी की भावना भी देखने को मिली. पंचायत समिति दोवड़ा की ग्राम पंचायत वसी खास स्थित सीनियर स्कूल मतदान केंद्र पर एक भावुक तस्वीर सामने आई.
यहां जन्म से दिव्यांग रमेश कटारा मतदान करने पहुंचे. रमेश दोनों पैरों से दिव्यांग हैं और चलने-फिरने में असमर्थ हैं. वह अपने हाथों के सहारे रेंगकर चलते हैं. ऐसे में उनका भाई उन्हें गोद में उठाकर मतदान केंद्र तक लेकर पहुंचा. इसके बाद बूथ के अंदर ले जाकर रमेश से मतदान करवाया और फिर उन्हें वापस लेकर गया. इसी मतदान केंद्र पर बुजुर्ग दंपति भूरा और नर्वदा कटारा ने भी अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया. उम्र के इस पड़ाव पर भी दोनों ने मतदान केंद्र पहुंचकर लोकतंत्र के इस पर्व में अपनी भागीदारी निभाई.
132 संवेदनशील मतदान केंद्रों पर सशस्त्र जवान तैनात
जिले की 7 पंचायत समितियों की 201 ग्राम पंचायतों में कुल 570 मतदान केंद्र बनाए गए हैं. इनमें से 132 मतदान केंद्र संवेदनशील और अतिसंवेदनशील श्रेणी में रखे गए हैं. इन केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने के लिए सशस्त्र पुलिस के जवान तैनात किए गए हैं.
इसके अलावा सभी मतदान केंद्रों के प्रवेश द्वार पर ट्राइपॉड लगाए गए हैं. इनके माध्यम से बूथों पर आने-जाने वाले मतदाताओं और वहां होने वाली गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है. प्रशासन की ओर से मतदान प्रक्रिया को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं.
Reporter- Akhilesh Sharma