अजब MP की गजब कहानी: धरी की धरी रह गई चोरों की चालाकी, भागकर 18KM दूर मालिक के घर पहुंची 'समझदार भैंस'
मध्य प्रदेश के शिवपुरी में एक बेहद दिलचस्प और हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक भैंस चोरों के चंगुल से भागकर अपने मालिक के घर पहुंच गई.
मध्य प्रदेश पर्यटन की पंच लाइन 'एमपी अजब है, एमपी गजब है...' आपने ये लाइन तो जरूर सुनी होगी. एमपी के शिवपुरी जिले से एक बेहद दिलचस्प और हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जिस पर ये लाइन बिल्कुल सटीक बैठती है और इसे सुनकर कोई भी हैरान हो जाएगा. शिवपुरी जिले के ग्राम माढ़ा गणेशखेड़ा की 'समझदार भैंस' ने अपनी सूझबूझ से चोरों की सारी चालाकी धरी की धरी रह गई. भैंस ना सिर्फ अपने मालिक के घर पहुंची, बल्कि चोरों को भी पकड़वा दिया.
2 चोर ने शिवपुरी जिले के माढ़ा गणेशखेड़ा गांव से एक भैंस और उसकी पड़िया को चुरा लिया और ले जाने लगे. करीब 18 किलोमीटर तक चुपचाप चोरों के साथ चलने के बाद, जैसे ही भैंस अपने मूल गांव के पास पहुंची, उसने ऐसा दांव खेला कि सीधे अपने असली मालिक के घर के खूंटे पर जाकर खड़ी हो गई. भैंस की इस गजब की चालाकी और वफादारी ने न सिर्फ चोरों के मंसूबों पर पानी फेर दिया, बल्कि ग्रामीणों की मदद से एक आरोपी को पकड़वाकर इस अनोखी चोरी का पर्दाफाश भी कर दिया.
भैंस की समझदारी से कैसे पकड़े गए चोर?
दरअसल, शिवपुरी के झंडी गांव के रहने वाले अरविंद लोधी ने तीन महीने पहले किसी वजह से अपनी भैंस को अपने ससुराल माढ़ा गणेशखेड़ा गांव में ससुर के यहां छोड़ दिया था. 5 नवंबर को बाइस से पहुंचे 2 चोरों ने भैंस को खूंटे से खोल लिया और उसकी पड़िया के साथ हांककर ले जाने लगे. चोर उसे लेकर उसके मालिक के गांव झंडी की तरफ से गुजर रहे थे, तभी भैंस ने अचानक चोरों से रस्सी छुड़ाकर दौड़ लगा दी. इसके बाद वह सीधे अपने मालिक अरविंद लोधी के घर पहुंच गई.
दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, भैंस के पीछे-पीछे एक चोर भी वहां पहुंच गया और कहने लगा कि यह उसकी भैंस है और गलती से आ गई है. भैंस को देखकर अरविंद लोधी ने उसे पहचान लिया था कि ये उनकी ही भैंस है. फिर उन्होंने अपने ससुराल फोन लगाया, तो चोरी का खुलासा हुआ. इसके बाद गांव वालों ने चोर को पकड़ लिया. गांव वालों ने दूसरे चोर को भी पकड़ने की कोशिश की, लेकिन वो अपनी बाइक छोड़कर फरार हो गया. पूछताछ के बाद पकड़े गए चोर ने चोरी की बात स्वीकार कर ली, जिसके बाद गांववालों ने उसे पुलिस के हवाले कर दिया.