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गिरिडीह विधानसभा सीट पर उपचुनाव की आहट के साथ ही सियासी सरगर्मी बढ़ गई है. सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ने अपनी-अपनी राजनीतिक सक्रियता बढ़ा दी है. JMM की तरफ से संगठनात्मक गतिविधियां तेज हैं, तो BJP भी बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने में जुटी है. उपचुनाव को लेकर अभी नोटिफिकेशन नहीं आया है. लेकिन, दोनों ही खेमों ने अपनी-अपनी सक्रियता बढ़ा दी है. मुकाबला सिर्फ चुनावी मैदान में नहीं बल्कि दावों और राजनीतिक बयानबाजी में भी दिखाई देने लगा है.
'6 वर्षों का कार्यकाल बनेगा हार का कारण'
झारखंड से भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता प्रतुल शाह देव ने यह दावा है कि राज्य सरकार का 6 वर्षों का कार्यकाल गिरिडीह में उनकी हार का कारण बनेगा. पिछली बार के चुनाव में जो 3 साढ़े 3 हजार का गैप था, उसे हम आसानी से पूरा कर लेंगे.
'हम बड़े मार्जिन से चुनाव जीतेंगे'
भारतीय जनता पार्टी के दावों पर पलटवार करते हुए झारखंड मुक्ति मोर्चा के प्रवक्ता मनोज पांडेय ने कहा कि गिरिडीह के विधायक स्वर्गीय सुदीव्य कुमार सोनू ने गिरिडीह के लिए जो किया है, जनता झारखंड मुक्ति मोर्चा को एक बार फिर ताज पहनाएगी. हम बड़े मार्जिन से चुनाव जीतेंगे. रही बात भारतीय जनता पार्टी के दावों की, तो वह चुनाव तक दावा करेंगे और उसके बाद मुंह से एक शब्द नहीं निकलेगा.
'देशभर में भी जीत नहीं पाएगी BJP'
वहीं, इस सियासी लड़ाई में कांग्रेस भी बीजेपी पर हमलावर है. कांग्रेस नेत्री शिल्पी नेहा तिर्की का कहना है कि भारतीय जनता पार्टी गिरिडीह क्या अब देशभर में भी जीत नहीं पाएगी. क्योंकि ज्ञानेश कुमार के जरिये उनके चेहरे उजागर हो गए हैं. special intensive revision को लेकर युवा सड़कों पर हैं. भारतीय जनता पार्टी देश भर से हाथ धोने वाली है. फिलहाल, गिरिडीह में चुनावी बिगुल पूरी तरह बजा भी नहीं है, लेकिन राजनीतिक दलों के दावे और वार-पलटवार ने माहौल जरूर गर्म कर दिया है.
रिपोर्ट: कामरान जलीली