दिवाली पर तबाही का सामान बरामद: दहलाने की थी तैयारी? 1150 जिलेटिन स्टिक, 989 डेटोनेटर और 12 हजार मीटर कॉर्ड बरामद, STF की जांच जारी
पश्चिम बंगाल में त्योहार से पहले STF की कार्रवाई में विस्फोटक और हथियारों का बड़ा जखीरा बरामद हुआ है. बीरभूम में छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में जिलेटिन स्टिक, डेटोनेटर और डेटोनेटिंग कॉर्ड बरामद किए गए हैं. दूसरी कार्रवाई में अवैध हथियार और कारतूस मिले. पुलिस और अन्य एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क और बरामदगी के पीछे के मकसद की जांच कर रही है.
धनतेरस से ठीक पहले पश्चिम बंगाल एसटीएफ ने बीरभूम में हुई एक रेड के दौरान कुल 1,150 जिलेटिन स्टिक, 989 डेटोनेटर समेत 12,000 मीटर डेटोनेटिंग कॉर्ड जब्त करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया है. एसटीएएफ ने अपने एक अलग ऑपरेशन में पांडबेश्वर से 21 अवैध हथियार और 65 राउंड कारतूस बरामद किए हैं. ताजा बरामदगी एक अन्य रेड से जुड़ी बताई जा रही है, जिसमें अब तक 38 गन और रायफल और 122 गोलियां बरामद हो चुकी हैं.
मामले की जांच जारी
पांच दिन के त्योहार दिवाली की शुरुआत से ठीक पहले हुई इस बरामदगी को लेकर कई तरह के सवाल उठ रहे हैं. अब पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से ये पूछताछ कर रही है कि आखिर तबाही के इस सामान को लेकर वो क्या करने जा रहे थे. पुलिस पूरे नेक्सस की जांच के लिए ताबड़तोड़ दबिश दे रही है.
दिवाली के त्योहार पर पहले भी रची जा चुकी हैं नापाक साजिशें
यूं तो भारत से नफरत करने वाले भारत के बंटवारे के बाद बने पाकिस्तान की शय पर यहां के लोगों का ब्रेन वाश करके लालच देकर भारत का बुरा चाहते हैं. दिवाली के आस-पास भारत को दहलाने की कुछ वारदातों की बात करें तो पहला बड़ा मामला साल 1985 में सामने आया था लेकिन तब दिवाली का त्योहार नहीं था. 10 मई को ट्रांजिस्टर में फिट किए गए बम एक साथ कई जगह फट पड़े. इन धमाकों में सिर्फ दिल्ली में ही 49 लोगों की मौत और 127 लोग घायल हुए थे. ये हमला बसों, बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर हुआ था.
दिवाली से पहले 29 अक्टूबर 2005 को दिल्ली के सरोजिनी नगर, पहाड़गंज और गोविंदपुरी इलाकों में सीरियल ब्लास्ट हुए थे. इस वारदात में 62 लोगों की मौत हुई थी और 210 से अधिक लोग घायल हुए थे. इसी तरह 2008 में महरौली में एक धमाका हुआ था उसमें 3 लोगों की मौत हुई थी और 23 से अधिक लोग घायल हो गए थे.
अब पश्चिम बंगाल में मौत के सामान की इतनी बड़ी बरामदगी ने सुरक्षा एजेंसियों के कान खड़े कर दिए हैं. पूरे देश में त्योहार के मौके पर सतर्कता बरती जा रही है.