SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाने का बड़ा मौका: चुनाव आयोग ने 17 राज्यों में शुरू किया SSR, जानिए कौन कर सकेगा अप्लाई

चुनाव आयोग ने 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में स्पेशल रिवीजन की शुरुआत कर दी है. इस प्रक्रिया के जरिए अगर आप वोटर लिस्ट में अपना नाम जुड़वाना चाहते हैं या कोई सुधार कराना चाहते हैं तो आवेदन कर सकते हैं.

Written By Bhoopendra Rai
Published: Oct 15, 2026, 07:20 PM IST | Updated: Oct 15, 2026, 08:06 PM IST
Image Credit: 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में होगा स्पेशल रिवीजन.
Join

अगर आपकी उम्र 18 साल पूरी हो चुकी है या फिर आप 1 जनवरी 2027 तक 18 के होने वाले हैं, तो यह खबर आपके काम की है. चुनाव आयोग ने देश के 14 राज्यों और 3 केंद्र शासित प्रदेशों में वोटर लिस्ट के स्पेशल समरी रिवीजन (SSR) का आदेश जारी किया है. इस बार वोटर लिस्ट के रिवीजन के लिए 1 जनवरी 2027 को क्वालीफाइंग डेट तय किया गया है.  मतलब ये कि जो भी युवा 1 जनवरी 2027 को या उससे पहले 18 साल के पूरे हो रहे हैं, वे अपना नाम वोटर लिस्ट में जुड़वा सकते हैं.  

इलेक्शन कमीशन ऑफ इंडिया ने यह आदेश जनप्रतिनिधित्व कानून 1950 (RP Act) की धारा 21 के तहत जारी किया है. उत्तर प्रदेश, पंजाब, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर जैसे राज्यों में विधानसभा चुनाव होना है. ऐसे में वोटर लिस्ट का यह रिवीजन अहम माा जा रहा है. इन राज्यों के फर्स्ट-टाइम वोटर्स के पास अपना नाम वोटर लिस्ट में ऐड कराने और वोटर आईडी बनवाने का बढ़िया मौका है.

आखिर क्या है SSR?

SSR का फुल फॉर्म Special Summary Revision है, जिसे हिंदी में विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कहते हैं. यह इलेक्शन कमीशन का वो एनुअल सफाई और अपडेट अभियान है, जिससे वोटर लिस्ट को एकदम फ्रेश और एरर-फ्री रखा जाता है. हर साल होने वाले SSR के लिए एक कट-ऑफ डेट तय होती है. जैसे इस बार 1 जनवरी 2027 रखी गई है.  इसका मतलब यह है कि उस तारीख तक जो भी 18 साल का हो रहा है, वो अपना वोटर आईडी बनवाने के लिए एलिजिबल हो जाता है.

SSR क्यों कराया जाता है?

SSR इसलिए कराया जाता है ताकि 18 साल पूरे कर चुके फर्स्ट-टाइम वोटर्स को लिस्ट में जोड़ा जाए. जो लोग दूसरी जगह शिफ्ट हो गए हैं या जिनकी मौत हो चुकी उनके नाम लिस्ट से हटा दिए जाएं, ताकि वोटिंग सही हो.  इस प्रक्रिया के जरिए नाम की स्पेलिंग, एड्रेस, फोटो या पोलिंग बूथ से जुड़ी गलतियों को ठीक किया जाता है.  चुनाव से पहले यह पक्का किया जाता है कि हर असली वोटर का नाम लिस्ट में मौजूद हो और कोई छूटे नहीं.

SSR कैसे होता है?

सबसे पहले चुनाव आयोग एक कच्ची लिस्ट पब्लिक करता है, जिसे आप ऑनलाइन या अपने पोलिंग बूथ पर चेक कर सकते हैं कि आपका नाम है या नहीं. अगर आपका नाम गायब है या उसमें कुछ गड़बड़ है तो आयोग पब्लिक से ऐप्लिकेशन मांगता है. आवेदन 3 टाइप के होते हैं.

फॉर्म 6: नया वोटर बनने के लिए.

फॉर्म 7: किसी का नाम लिस्ट से कटवाने के लिए.

फॉर्म 8: नाम, पता या फोटो में करेक्शन कराने के लिए.

इन 17 राज्यों और UTs में शुरू हुआ प्रोसेस

जहां SIR चल रहा है, वहां का क्या होगा?

अब सवाल ये है कि फिलहाल जिन राज्यों में वोटर लिस्ट का विशेष गहन संशोधन यानी SIR चल रहा है वहां क्या होगा? चुनाव आयोग की तरफ से बताया गया है, जिन राज्यों और UTs में फिलहाल SIR चल रहा है या हाल ही में पूरा हुआ है, वहां के लिए SSR का शेड्यूल अभी जारी नहीं किया गया है. जल्द ही ऐसे राज्यों के लिए नया टाइमटेबल नोटिफाई किया जाएगा.

यहां जानिए SSR की जरूरी तारीखें और उन दिनों पर होने वाला काम

क्र. सं.तारीख / समय सीमाआधिकारिक चरण (नोटिस के अनुसार)आम बोलचाल में इसका क्या मतलब है?
1.02 नवंबर 2026 तकपोलिंग स्टेशनों का युक्तिकरण/पुनर्गठन
(Rationalization/Rearrangement of Polling Stations)
चुनाव आयोग पोलिंग बूथों की समीक्षा करेगा. जहां अधिक मतदाता होंगे, वहां नए बूथ बनाए जाएंगे या सीमाओं को ठीक किया जाएगा. 
2.12 नवंबर 2026एकीकृत ड्राफ्ट वोटर लिस्ट का प्रकाशन
(Publication of Integrated draft electoral rolls)
कच्ची (ड्राफ्ट) वोटर लिस्ट सार्वजनिक की जाएगी. नागरिक ऑनलाइन या बूथ पर जाकर अपना नाम चेक कर सकते हैं. 
3.12 नवंबर 2026 से 11 दिसंबर 2026 तकदावे और आपत्तियां दर्ज कराने की अवधि
(Period for filing claims & objections)

फॉर्म भरने की मुख्य विंडो:

  • नया नाम जुड़वाने के लिए (Form 6)
  • मृत या शिफ्ट हुए लोगों का नाम कटवाने के लिए (Form 7)
  • नाम, पते या फोटो में सुधार के लिए (Form 8).
4.28 दिसंबर 2026 तकदावों और आपत्तियों का निस्तारण
(Disposal of claims and objections)
BLO और चुनाव अधिकारी जमा हुए सभी आवेदनों व दस्तावेजों का वेरिफिकेशन पूरा करके अंतिम फैसला लेंगे.
5.04 जनवरी 2027मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन
(Final Publication of electoral rolls)
पूरी तरह दुरुस्त और फाइनल वोटर लिस्ट जारी हो जाएगी, इसके बाद नए वोटरों के वोटर आईडी कार्ड (EPIC) जारी किए जाएंगे.

'हम पर कोई दबाव नहीं बना सकता', राहुल गांधी को 'सुप्रीम' फटकार; ज्ञानेश कुमार को भेजा नोटिस
 

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

पत्रकारिता में 9 साल से सक्रिय भूपेंद्र कुमार राय Zee News में सीनियर सब एडिटर के तौर पर न्यूज टीम का हिस्सा हैं, देश विदेशी की खबरें कवर करते हैं. 2017 में ETV Bharat (हैदराबाद) से करियर की शुरुआत करने के बाद वे 2020 में Zee News पहुंचे, जहां 2022 तक काम किया. 2023 में News24 की स्पोर्ट्स टीम को लीड करने का मौका मिला. इसके बाद India Daily Live में बतौर चीफ सब एडिटर स्पोर्ट्स टीम के साथ जुड़े. 2024 में दोबारा News24 लौटे और नई स्पोर्ट्स वेबसाइट लॉन्चिंग का अहम हिस्सा रहे. अक्टूबर 2025 में News24 से अलविदा लेकर एक बार फिर Zee News पहुंचे हैं. खेलों में गहरी रुचि रखते हैं और क्रिकेट वर्ल्ड कप, एशियन गेम्स, ओलंपिक गेम्स, हॉकी वर्ल्ड कप समेत बड़े खेल इवेंट को कवर करने का अनुभव है. ब्रेकिंग न्यूज, क्रिकेट एनालिसिस और किस्से-कहानियों पर अच्छी पकड़ है. जी न्यूज में खेल से जुड़ी खबरों के बाद अब न्यूज टीम के साथ रियलटाइम न्यूज पर काम कर रहे हैं. एक्सप्लेनर और किसी भी मुद्दे पर रिसर्च के साथ उसे आसान भाषा में पाठकों तक पहुंचा रहे हैं. आप Bhoopendra.Rai@zeemedia.com पर सीधे ईमेल या फिर नीचे X और Facebook से जुड़ सकते हैं.
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES