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Haryana News: हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में कैबिनेट की मीटिंग हुई. इसके बाद सीएम ने प्रेस वार्ता कर कैबिनेट में हुए फसलों की जानकारी दी. नायब सैनी के अनुसार, लाडो लक्ष्मी योजना के तहत परिवारों की साल आय सीमा बढ़ाकर 1.80 लाख रुपए की गई. इसके अलावा, मीडिया के लोगों को अधिकतम 5 लाख रुपए की वित्तीय सहायता देने और पूर्व अग्निवीरों को ग्रुप-C पदों की सीधी भर्ती में लिखित परीक्षा से छूट देने सहित कई फैसलों को मंजूरी दी.
किसे पैसे देना जारी रखनी होगा
मंत्रिमंडल के छठे राज्य वित्त आयोग की सिफारिश के अनुसार, स्थानीय निकायों को पैसे देना जारी रखने की मंजूरी दी. ये पैसे वित्त वर्ष 2026-27 से अगले राज्य वित्त आयोग की सिफारिशें आने तक ग्रामीण और शहरी लोगों को मिलती रहेगी. सीएम ने बताया कि अपने कर राजस्व का 7% हिस्सा लोकल बॉडीज को दिया जाएगा, जिसमें से 55% राशि पंचायती राज संस्थाओं और 45% शहरी स्थानीय निकायों को मिलेगा. वहीं गांव की पंचायतों और शहरी स्थानीय निकायों को मिलने वाले पैसे का बंटवारा 80% आबादी और 20% क्षेत्रफल के आधार पर करेगी. वहीं पंचायती राज संस्थाओं में जिला परिषदों को 10% पंचायत समितियों को 15% और ग्राम पंचायतों को 75% राशि मिलेगी.
किस योजना की आय सीमा बढ़ाई
वहीं बैठक में दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना के जितने भी पात्र परिवार हैं, उनकी सालाना आय सीमा 1.80 लाख रुपये के आसपास करने का निर्णय लिया गया है. इसके अलावा, तीन विशेष श्रेणियों के आय की सीमा को बढ़ाकर 3 लाख रुपए कर दी गई है. सबसे पहले इस श्रेणी में वो मां शामिल हैं, जिनके बच्चों ने 10th और 12th के बोर्ड पेपर में 80% या इससे ज्यादा नंबर लाए हों. इसके बाद वो लोग आते हैं, जिनके बच्चे क्लास 1 से 4 तक निपुण भारत मिशन के निर्धारित मानकों के अनुसार कक्षा स्तर की दक्षता हासिल किए हों. इन लोगों को भी इस श्रेणी में शामिल किया गया है. वहीं आखिरी और तीसरी श्रेणी में वे मां आती हैं, जिनके बच्चे गंभीर तीव्र कुपोषण या मध्यम तीव्र कुपोषण की स्थिति से उबरकर सामान्य स्वास्थ्य स्थिति में आ गए हों. सीएम ने ये भी जानकारी दी कि जो भी लाभार्थी है, उन्हें लाइवनेस वेरिफिकेशन हर महीने के बजाए हर तीन महीने में एक बार करनी होगी. ये व्यवस्था 1 नवंबर 2026 से लागू होगी.
पूर्व अग्निवीरों को छूट
वहीं दूसरी तरफ हरियाणा मंत्रिमंडल ने पूर्व अग्निवीरों के लिए भी एक फैसला लिया है. राज्य की अग्निवीर नीति के तहत आने वाले ग्रुप-C पदों की सीधी भर्ती में पूर्व अग्निवीरों को हर तरह की लिखित परीक्षाओं से छूट देने की मंजूरी दी गई. इसके अलावा, पूर्व अग्निवीरों को वन्य जीव रक्षक, भारतीय रिजर्व बटालियन और राज्य आपदा मोचन बल में कांस्टेबल के साथ-साथ फायर ऑपरेटर-कम-ड्राइवर के पदों पर भर्ती के दौरान नियमों के अनुसार फिजिकल टेस्ट और शारीरिक माप की परीक्षा से भी छूट देने का फैसला लिया गया है.