बहन से मारपीट... गर्भस्थ शिशु की मौत, भाई ने जीजा पर लगाए गंभीर आरोप; पुलिस जांच पर भी उठाए सवाल
बिलासपुर में एक गर्भवती महिला के साथ मारपीट और गर्भ में पल रहे शिशु की मौत के बाद परिजनों ने गंभीर आरोप लगाए हैं. साथ ही पुलिस से इस मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है.
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में गर्भवती महिला के साथ मारपीट और उसके गर्भस्थ शिशु की मौत हो गई है. पीड़िता के भाई आदित्य कौशिक ने अपने जीजा आशीष कौशिक पर मारपीट के गंभीर आरोप लगाए हैं. साथ ही पुलिस की जांच पर भी सवाल खड़े किए हैं.
आदित्य कौशिक से मिली जानकारी के मुताबिक, उनकी बहन सभ्या कौशिक उर्फ शक्कू की शादी करीब डेढ़ साल पहले हुई थी. वह चार महीने की गर्भवती थी. 30 सितंबर को बहन की गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती होने की जानकारी मिली.
परिवार की सुरक्षा की मांग की
पीड़िता के भाई का आरोप है कि पति की मारपीट के कारण उसे गंभीर चोटें आईं है. जिसके चलते गर्भस्थ शिशु की मौत हो गई. पीड़िता की हालत बिगड़ने पर उसे रायपुर रेफर कर दिया गया. जहां वह आईसीयू और वेंटिलेटर पर रही. अस्पताल से घर लौटने के बाद अब पीड़िता के भाई ने एसपी कार्यालय पहुंचकर निष्पक्ष जांच और परिवार की सुरक्षा की मांग की है.
बहन के साथ की गई मारपीट
पीड़िता के भाई आदित्य कौशिक ने आरोप लगाया कि उनकी बहन के साथ हुई मारपीट के मामले में हिर्री थाने में शिकायत दर्ज कराई गई थी. उसकी थाने में एफआईआर भी दर्ज की गई थी. शिकायत के अनुसार, आरोपी पति की गिरफ्तारी की गई.
फुटेज की जांच करने की मांग
इसके बाद घटनास्थल का निरीक्षण भी किया गया, लेकिन परिवार का आरोप है कि जांच में अब भी कई महत्वपूर्ण पहलुओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है. आदित्य का कहना है कि अस्पताल से इलाज संबंधी पूरी मेडिकल रिपोर्ट प्राप्त करने और आरोपी के घर पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच करने की मांग की गई, लेकिन उनकी शिकायत पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई.
धमकी देने का लगाया आरोप
परिवार ने जांच अधिकारी की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं. साथ ही मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की है. पीड़िता के भाई ने आरोपी पक्ष पर धमकी देने का आरोप भी लगाया है. आदित्य कौशिक का कहना है कि उन्हें धमकी दी जा रही है कि आरोपी जेल से बाहर आने के बाद उन्हें देख लेगा. इस वजह से पूरा परिवार डरा हुआ है और उन्हें किसी अनहोनी की आशंका सता रही है.
परिवार ने न्याय की मांग की
आदित्य ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से मामले में हस्तक्षेप कर निष्पक्ष जांच कराने, अस्पताल से मेडिकल दस्तावेज प्राप्त करने, सीसीटीवी फुटेज की तकनीकी जांच कराने और धमकी देने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है. परिवार का कहना है कि मामले के सभी साक्ष्यों की गंभीरता से जांच होनी चाहिए, ताकि उन्हें न्याय मिल सके.
(रिपोर्टः शैलेंद्र सिंह ठाकुर, बिलासपुर)