फेस्टिव सीजन में यदि आप भी सोने या चांदी के आभूषण खरीदने का मन बना रहे हैं तो यह खबर आपके काम की है. सोने की कीमत में पिछले कुछ दिन से लगातार दबाव देखा जा रहा है. इस कीमती धातु के दाम गिरकर तीन महीने के निचले स्तर पर आ गए हैं. फेड रिजर्व की बैठक से पहले सोने के दाम में गिरावट आने का कारण ब्याज दर बढ़ने की आशंका को बताया जा रहा है. इसके अलावा क्रूड ऑयल महंगा होने से महंगाई दर बढ़ने की चिंता के बीच भी सोने के दाम में गिरावट देखी जा रही है. स्पॉट गोल्ड में गिरावट के बाद भाव 3,987 डॉलर प्रति औंस के करीब आ गए. पिछले हफ्ते भी सोने में 4 प्रतिशत की बड़ी वीकली गिरावट देखने को मिली थी.
बाजार से जुड़े जानकारों का मानना है कि अमेरिका में ब्याज दर ऊंची बनी रहने की संभावना के बीच गोल्ड पर दबाव बना हुआ है. ब्याज दर बढ़ने पर बिना ब्याज देने वाली संपत्ति जैसे सोने की तरफ से निवेशकों का रुझान कम हो जाता है. इसके अलावा कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने भी महंगाई को लेकर चिंता बढ़ा दी है. कॉमेक्स पर सोमवार सुबह सोना 15 डॉलर की तेजी के साथ 4,023 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा है. वहीं, चांदी भी हल्के सुधार के साथ 54 डॉलर प्रति औंस पर ट्रेड कर रही है. अब निवेशकों की नजर अमेरिकी फेड रिजर्व की तरफ से दिये आने वाले बयान और महंगाई के आंकड़े पर टिकी हैं.
देश के वायदा मार्केट मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर 4 दिसंबर की डिलीवरी वाला सोना पिछले भाव से करीब 700 रुपये चढ़कर 142770 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार करते देखा गया. यह इसका इंट्राडे का हाई लेवल है. इसी तरह दिसंबर डिलीवरी वाली चांदी की बात करें तो इसमें मामूली तेजी दिखाई दी और यह 196093 रुपये प्रति किलो पर ट्रेड कर रही है. कारोबारी सत्र के दौरान एक समय सिल्वर 197186 रुपये प्रति किलो के हाई लेवल तक गई. लेकिन बाद में नीचे आ गई.
बाजार के जानकारों का कहना है कि हायर एनर्जी प्राइस ने महंगाई संबंधी चिंता को बढ़ा दिया है. अमेरिका में महंगाई दर यदि ऊंचे लेवल पर बनी रहती है तो दुनिया के प्रमुख केंद्रीय बैंक की तरफ से ब्याज दर को लंबे समय तक हायर लेवल पर रखा जा सकता है. इस कारण निवेशक फिलहाल सोने और चांदी में निवेश से दूरी बना रहे हैं. यही कारण है कि इंटरनेशनल मार्केट में सोना गिरकर 4,000 डॉलर प्रति औंस के आसपास कारोबार कर रहा है. निवेशकों का फोकस अमेरिकी आर्थिक आंकड़ों, महंगाई दर के रुझान और केंद्रीय बैंक के अगले ऐलान पर बना हुआ है. यदि फेड की तरफ से ब्याज दर में इजाफा किया गया तो सोना और नीचे आ सकता है.
पृथ्वी फिनमार्ट के डायरेक्टर मनोज कुमार जैन ने सोने में निवेश को लेकर कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच अनिश्चतता का माहौल है. हूतियों की तरफ से सऊदी अरब पर हमला किये जाने के बाद चिंता बढ़ गई है. फेड की मीटिंग में होने वाले ऐलान को लेकर भी निवेशक सतर्क हैं. बाजार में चल रहे माहौल को देखते हुए ट्रेडर्स को अभी इंतजार करना चाहिए लेकिन लॉन्ग टर्म के लिए निवेश करने वाले एसआईपी के जरिये इन्वेस्टमेंट बनाए रख सकते हैं. बाजार में थोड़ा-थोड़ा निवेश करने वालों के लिए यह अच्छा मौका है.
इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर एसोसिएशन (IBJA) की वेबसाइट पर जारी किये गए रेट के अनुसार शुक्रवार शाम को दाम में मामूली तेजी देखी गई. 24 कैरेट वाला गोल्ड मामूली तेजी के साथ 141630 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया. IBJA की तरफ से रोजाना दो बार सोने और चांदी के रेट जारी किये जाते हैं. शुक्रवार को बंद हुए रेट के अनुसार 22 कैरेट वाला सोना 129733 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ. इसी तरह 18 कैरेट गोल्ड 106223 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ. चांदी की बात करें तो यह गिरकर 2 लाख रुपये नीचे चल रही है, शुक्रवार को भाव 194415 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई.
(डिस्क्लेमर: सोने-चांदी में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. अगर आप गोल्ड या सिल्वर में निवेश करना चाहते हैं, तो वित्तीय जानकारों की सलाह जरूर लें.)