यूपी में चक्रवात 'अर्नब' का तांडव: झमाझम बारिश और तेज हवाओं से बदला मौसम का मिजाज, तापमान गिरने से बढ़ी ठंड
उत्तर प्रदेश में चक्रवाती तूफान 'अर्नब' (Cyclone Arnab) के प्रभाव से मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है. राज्य के कई हिस्सों में झमाझम बारिश का दौर शुरू हो गया है.
यूपी में चक्रवात का असर: उत्तर प्रदेश में एक बार फिर मौसम ने करवट ली है. बंगाल की खाड़ी से उठे चक्रवात अर्नब के असर से प्रदेश के कई जिलों में बादल छाए हुए हैं. दिल्ली एनसीआर में रात भर झमाझम बारिश हो रही है. बारिश होने से तापमान में गिरावट आई है. मौसम विभाग के मुताबिक 30 अक्टूबर को यूपी के कई हिस्सों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर देखने को मिल सकता है.
पूर्वी यूपी में भारी बारिश के आसार
मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन के अनुसार 30 अक्टूबर को पूर्वी उत्तर प्रदेश में मौसम ज्यादा खराब रह सकता है. तराई बेल्ट और पूर्वोत्तर यूपी से लगे जिलों में कई जगहों पर मध्यम से भारी बारिश की संभावना है. इस दौरान बादलों की गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है. मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि खराब मौसम के दौरान खुले मैदान, खेतों और ऊंचे पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचें.
पश्चिमी यूपी में भी बदलेगा मौसम
केवल पूर्वी नहीं, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी मौसम पूरी तरह साफ नहीं रहेगा. वहां भी कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक देखने को मिल सकती है. 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झोंकेदार हवाएं चलने का अनुमान है. बारिश के बाद दिन के तापमान में 2 से 3 डिग्री की गिरावट आ सकती है, जिससे सुबह-शाम ठंड का अहसास बढ़ेगा.
चक्रवात अर्नब का क्या है कनेक्शन?
चक्रवात अर्नब आंध्र प्रदेश के तट से टकराने के बाद काफी कमजोर पड़ गया है और अब डिप्रेशन में बदल चुका है. 29 अक्टूबर को यह सिस्टम दक्षिण छत्तीसगढ़ और उससे सटे दक्षिण ओडिशा के ऊपर बना हुआ था. इसके उत्तर की ओर बढ़ने से बड़ी मात्रा में नमी पूर्वी भारत और यूपी की तरफ आ रही है, जिस वजह से यूपी में बारिश का सिस्टम एक्टिव हुआ है.
कहां रहा सबसे ज्यादा गर्म और कहां सबसे ठंडा?
लखनऊ स्थित प्रादेशिक मौसम केंद्र के 29 अक्टूबर के आंकड़ों के मुताबिक पिछले 24 घंटों में बहराइच प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा. यहां अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 3.1 डिग्री ज्यादा है. वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान मुजफ्फरनगर में दर्ज किया गया, जहां पारा 16.5 डिग्री तक लुढ़क गया. हरदोई में 17 डिग्री और बरेली में 17.7 डिग्री न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड हुआ.
किसानों और आम लोगों के लिए जरूरी सलाह
गरज-चमक और बिजली कड़कने के समय खुले में जाने से बचें. तेज हवाओं के दौरान कमजोर दीवारों, टीन शेड और बिजली के खंभों से दूर रहें।किसान भाई कटी हुई फसल को खुले में न छोड़ें, उसे सुरक्षित जगह पर रखें. सफर पर निकलने से पहले अपने जिले का मौसम अपडेट जरूर चेक कर लें.