शिवा शर्मा केस की परतें खुलने लगी हैं. मुख्य आरोपी श्रद्धा दुबे को नागपुर से लखनऊ लाया गया है. श्रद्धा ने पूछताछ में कई बड़े खुलासे किए हैं. श्रद्धा दुबे ने बताया कि यूपी के विधायक ने नागपुर में रहने के लिए फ्लैट दिलाया था. लखनऊ पुलिस ने श्रद्धा दुबे, उसकी बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर दानिश से अलग अलग पूछताछ की. इसके बाद तीनों को सामने बैठाकर पूछताछ की. श्रद्धा का एक बैंक अकाउंट भी फ्रीज करवाया गया, जिसमें 6 लाख रुपये थे. श्रद्धा के पास से चार मोबाइल फोन बरामद हुए हैं. वहीं, कोर्ट ने पुलिस को 10 दिन की रिमांड दे दी है.
इतना ही नहीं जांच में पता चला है कि श्रद्धा दुबे का Z गैंग के सरगना जुल्फिकार से अफेयर था. दोनों का साल 2024 तक अफेयर चला था. पूछताछ में श्रद्धा ने लखनऊ से नागपुर तक पहुंचने की पूरी कहानी बताई है. सूत्रों के मुताबिक, नागपुर में श्रद्धा के लिए फ्लैट का इंतजाम यूपी के एक विधायक ने करवाया था. पूछताछ के दौरान श्रद्धा को अपने इंस्टा ग्राम के फॉलोवर्स की चिंता थी. करीब 5 घंटे पूछताछ की गई है.
वहीं, इससे पहले तीनों आरोपियों श्रद्धा दुबे, उसकी बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर दानिश को सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां तीनों का मेडिकल टेस्ट कराया गया. सिविल अस्पताल के बाहर भारी पुलिस फोर्स मौजूद रही. इसके बाद तीनों को कोर्ट में पेश किया गया. पुलिस ने तीनों का रिमांड मांगा था. कोर्ट ने पुलिस को 10 दिन की रिमांड दे दी है. पुलिस जांच में पता लगाएगी कि श्रद्धा दुबे को मदद किन किन लोगों ने किया?.
श्रद्धा दुबे के Z गैंग के सरकार जुल्फिकार से कनेक्शन सामने आया है. यह गैंग मुंबई में ड्रग तस्करी, अपहरण और रंगदारी का काम करता है. इस गैंग का सरगना जुल्फिकार यासीन बेहलीम (जुल्फी) बताया जाता है. जुल्फिकार मुंबई का कुख्यात गैंगेस्टर है. जुल्फिकार पर साल 2016 में सांताक्रूज दोहरे मर्डर केस का आरोप है. इतना ही नहीं मुंबई में बिल्डर से रंगदारी के कई मामले दर्ज हैं. उसे मुंबई पुलिस ने जुलाई 2026 में गिरफ्तार कर लिया था.
पूछताछ में पता चला है कि श्रद्धा का जुल्फिकार से तीन साल तक अफेयर चला. साल 2026 में दोनों अलग हो गए. श्रद्धा की मुलाकात जुल्फिकार से मुंबई के एक क्लब में होने की बात सामने आई है. जांच में पता चला कि लखनऊ के जिस अपार्टमेंट में श्रद्धा रहती थी, वह शादाब और इशाक खान का बताया जा रहा है. इन दोनों की भूमिका की भी जांच की जा रही है. तीनों को जिला कोर्ट में पेश किया जाएगा. कोर्ट ने पुलिस को 10 दिन की रिमांड दे दी है. अब पुलिस तीनों आरोपियों से पूछताछ करेगी.
(लखनऊ से विशाल सिंह और नंदन श्रीवास्तव की रिपोर्ट)