)
प्रकृति प्रेमियों और वाइल्डलाइफ लवर्स के लिए 1 नवंबर बेहद खास है. रविवार को लखीमपुर खीरी के मशहूर दुधवा नेशनल पार्क का नया पर्यटन सत्र शुरू हो गया है. पार्क खुलते ही सैलानियों के चेहरे पर गजब का उत्साह और खुशी का माहौल देखने को मिल रहा है. इस नए सत्र में दुधवा आने वाले पर्यटकों को एक ऐसा खास और नया रोमांच मिलने जा रहा है, जिसकी उन्होंने शायद पहले कभी कल्पना भी नहीं की थी.
स्वतंत्र रूप से घूमते गैंडों का दीदार
अब तक दुधवा आए पर्यटक सिर्फ बाड़े यानी 'राइनो एरिया' के अंदर ही हाथियों की सवारी करके गैंडों का दीदार कर पाते थे, लेकिन इस बार ऐसा नहीं होगा. इस बार पर्यटक बाड़े से बाहर खुले जंगल में भी स्वतंत्र रूप से घूमते हुए गैंडों का दीदार कर सकेंगे.
इसके अलावा बंगाल टाइगर पांच प्रकार की हिरण की प्रजातियां 350 प्रकार के पंछियों की प्रजातियां समेत भालू, हाथियों सहित अन्य वन्य जीवन का दीदार कर सकेंगे. जिसको लेकर पार्क प्रशासन ने पूरी तैयारी करनी है.
शाम को होगी हाथियों की सफारी
मामले की जानकारी देते हुए फील्ड डायरेक्टर राजा राममोहन राय ने बताया कि इस बार पर्यटन दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है. इस बार पर्यटक बंगाल टाइगर के साथ-साथ राइनो के भी खुले में दीदार कर सकेंगे. इसी वजह से अब पार्क प्रशासन ने पर्यटकों को खुले जंगल में भी इन गैंडों को देखने की अनुमति दे दी है.
अब जब सैलानी 1 नवंबर से दुधवा में जिप्सी से सफारी करेंगे, तो उन्हें रास्ते में कभी भी खुले जंगल में गैंडे टहलते हुए या विचरते हुए दिखाई दे सकते हैं. अब हाथियों की सफारी भी शाम को करवाई जाएगी.
पार्क प्रशासन के मुताबिक, पर्यटकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए हट और गेस्ट हाउसों का कायाकल्प कराया है. यहां पर्यटकों के लिए नए गद्दे, आधुनिक फर्नीचर और नया इंटीरियर तैयार किया गया है. इस बार पार्क में बने हट और गेस्ट हाउसों के कमरों को भी नया लुक दिया गया है.
आपके रोमांच को दोगुना करने की तैयारी
सैलानियों की सुरक्षा और वन्यजीवों के संरक्षण को ध्यान में रखते हुए पार्क प्रशासन ने तैयारियां पूरी कर ली हैं. जिप्सी चालकों और गाइडों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे खुले जंगल में गैंडों से एक सुरक्षित दूरी बनाकर रखें, ताकि न तो पर्यटकों को कोई खतरा हो और न ही वन्यजीवों की शांति में कोई खलल पड़े.
अगर आप भी प्रकृति और वन्यजीवों के शौकीन हैं, तो इस बार दुधवा का यह नया रूप आपके रोमांच को दोगुना करने के लिए पूरी तरह तैयार है. आप सरकारी विश्रामगृह और कॉटेज बुक करने के लिए उत्तर प्रदेश इकोटूरिज्म की आधिकारिक वेबसाइट UP Ecotourism पर जाकर ऑनलाइन बुकिंग कर सकते हैं.
(लखीमपुर खीरी से दिलीप मिश्रा की रिपोर्ट)