आगरा शिक्षक MLC चुनाव: 3 बूथों पर दोबारा मतदान की संस्तुति, आयोग के फैसले पर नजर
आगरा शिक्षक एमएलसी चुनाव में तीन बूथों पर पुनर्मतदान कराने की संस्तुति की गई है. फिलहाल तीनों बूथों पर दोबारा मतदान कराने को लेकर अंतिम निर्णय भारत निर्वाचन आयोग को लेना है.
आगरा/कपिल अग्रवाल: आगरा शिक्षक एमएलसी चुनाव से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है. मतदान के दौरान सामने आई गड़बड़ियों और व्यवस्थागत खामियों को देखते हुए जिला प्रशासन ने तीन मतदान केंद्रों पर फिर से मतदान (Repolling) कराने की संस्तुति की है. इस संबंध में पुनर्मतदान का प्रस्ताव भारत निर्वाचन आयोग को भेज दिया गया है. अब आयोग के अंतिम निर्णय पर सभी की निगाहें टिकी हैं.
इन 3 बूथों पर दोबारा मतदान का प्रस्ताव
अधिकारियों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, जिन तीन बूथों पर पुनर्मतदान कराने का प्रस्ताव भेजा गया है, वे निम्नलिखित हैं. प्रस्ताव के मुताबिक, खेरागढ़ तहसील कैंपस के कक्ष संख्या 1 में स्थित बूथ संख्या 20, सैंया क्षेत्र पंचायत कार्यालय के कक्ष संख्या 1 में बूथ संख्या 21 और फतेहाबाद क्षेत्र पंचायत कार्यालय के कक्ष संख्या 1 में बूथ संख्या 26 पर पुनर्मतदान की संस्तुति की गई है।
सामने आईं कई तरह की शिकायतें
सूत्रों के मुताबिक इन केंद्रों पर मतदान के दिन कई तरह की शिकायतें सामने आई थीं. कुछ जगहों पर मतदाता सूची में गड़बड़ी, तो कहीं मतदान प्रक्रिया में देरी और अव्यवस्था की बात सामने आई. इसके अलावा कुछ प्रत्याशियों के एजेंटों ने भी मतदान में अनियमितता की शिकायत जिला निर्वाचन कार्यालय से की थी.
भारत निर्वाचन आयोग को पुनर्मतदान कराने के लिए पत्र
शिकायतों की प्रारंभिक जांच के बाद जिला प्रशासन ने माना कि इन तीन बूथों पर निष्पक्ष मतदान प्रभावित हुआ है. इसी को आधार बनाते हुए जिलाधिकारी की ओर से भारत निर्वाचन आयोग को पुनर्मतदान कराने के लिए पत्र भेजा गया है. प्रशासन का कहना है कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया की शुचिता बनाए रखने के लिए दोबारा मतदान जरूरी है.
आयोग की हरी झंडी मिलने के बाद पुनर्मतदान की तिथि होगी घोषित
गौरतलब है कि आगरा खंड शिक्षक एमएलसी सीट के लिए हाल ही में मतदान संपन्न हुआ था. इस सीट पर शिक्षक मतदाताओं में काफी उत्साह देखा गया था. अब तीन बूथों पर पुनर्मतदान की संस्तुति के बाद चुनावी सरगर्मी फिर बढ़ गई है. फिलहाल भारत निर्वाचन आयोग को पूरे मामले की रिपोर्ट भेज दी गई है. आयोग रिपोर्ट का परीक्षण कर यह तय करेगा कि इन बूथों पर पुनर्मतदान कराया जाए या नहीं.आयोग की हरी झंडी मिलने के बाद पुनर्मतदान की तिथि घोषित की जाएगी.