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RCA Election 2026 : नामांकन पत्रों की जांच के बाद सभी 30 नामांकन वैध पाए गए हैं. अध्यक्ष पद के लिए पांच दावेदार मैदान में हैं. हालांकि कुछ उम्मीदवारों ने एक से ज्यादा पदों के लिए नामांकन किया है, इसलिए 30 वैध नामांकन का मतलब 30 अलग-अलग उम्मीदवार नहीं है.
अध्यक्ष की कुर्सी पर 5 चेहरे
अध्यक्ष पद के लिए फिलहाल धनंजय सिंह खींवसर, दीनदयाल कुमावत, पराक्रम सिंह राठौड़, राजेश सारस्वत और बृजकिशोर उपाध्याय के नाम सामने हैं. लेकिन असली कहानी पांच नामों से ज्यादा तीन प्रमुख खेमों की है.
एक तरफ स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर के बेटे धनंजय सिंह खींवसर का खेमा है. दूसरी तरफ पूर्व नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ के बेटे पराक्रम सिंह राठौड़ का नाम है. वहीं तीसरा प्रमुख धड़ा बृजकिशोर उपाध्याय के नेतृत्व में बताया जा रहा है. यानी RCA की पिच पर इस बार मुकाबला सिर्फ क्रिकेट प्रशासकों का नहीं,बल्कि अलग-अलग राजनीतिक और संगठनात्मक कनेक्शन वाले खेमों का भी है.
सबसे बड़ा सवाल-क्या पराक्रम राठौड़ नाम वापस लेंगे ?
नाम वापसी के आखिरी दिन सबसे ज्यादा चर्चा पराक्रम सिंह राठौड़ को लेकर है. पराक्रम राठौड़ ने संकेत दिया है कि अगर सरकार या संगठन की ओर से सहमति बनती है तो वे अपना नाम वापस ले सकते हैं. उन्होंने बृजकिशोर उपाध्याय के पैनल के साथ होने की बात भी कही है.दूसरी ओर,धनंजय सिंह खींवसर का खेमा फिलहाल चुनाव लड़ने के संकेत देता नजर आ रहा है. धनंजय खेमे की ओर से कहा गया है कि नामांकन के समय उन्हें सरकार की तरफ से किसी तरह का निर्देश नहीं मिला था. इसलिए आज का सबसे बड़ा सवाल यही है. क्या अध्यक्ष पद पर पांच से घटकर मुकाबला तीन या दो चेहरों का रह जाएगा? या फिर सभी प्रमुख दावेदार 29 सितंबर को मतदान तक मैदान में बने रहेंगे ?
RCA चुनाव में 'नेतापुत्र' फैक्टर
इस चुनाव की सबसे खास बात ये है कि RCA की नई कार्यकारिणी के कई अहम पदों पर राजनीतिक परिवारों से जुड़े चेहरे नजर आ रहे हैं.
धनंजय सिंह खींवसर — स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर के बेटे, अध्यक्ष पद के उम्मीदवार.
पराक्रम सिंह राठौड़ — पूर्व नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ के बेटे, अध्यक्ष पद के उम्मीदवार.
पवन दिलावर — शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के बेटे, उपाध्यक्ष पद के उम्मीदवार (नाम वापस लेने की संभावना)
मोहित यादव — विधायक जसवंत यादव के बेटे, सचिव और उपाध्यक्ष दोनों पदों के लिए नामांकन.
आशीष तिवाड़ी — राज्यसभा सांसद घनश्याम तिवाड़ी के बेटे, सचिव और कोषाध्यक्ष पद के लिए नामांकन.
इसी वजह से RCA चुनाव को लेकर 'क्रिकेट बनाम सियासत' और 'नेतापुत्रों की एंट्री' की चर्चा तेज है. हालांकि किसी राजनीतिक परिवार से जुड़ा होना अपने आप में चुनावी परिणाम तय नहीं करता. फैसला RCA के निर्धारित मतदाताओं के वोट से होगा.
38 वोटर तय करेंगे राजस्थान क्रिकेट की नई सत्ता
RCA चुनाव का सबसे दिलचस्प गणित ये है कि यहां पूरे राजस्थान के क्रिकेट खिलाड़ी वोट नहीं करते.अंतिम मतदाता सूची के मुताबिक 38 मतदाता नई कार्यकारिणी के चुनाव में मतदान करेंगे। RCA ने 22 सितंबर को अंतिम मतदाता सूची जारी की थी.यानी जिन 38 वोटरों के पास मतदान का अधिकार है, उनका समर्थन सबसे महत्वपूर्ण है। इसी वजह से चुनाव से पहले जिला क्रिकेट संघों के प्रतिनिधियों के रुख को लेकर लगातार चर्चाएं हैं.
क्या आज बदल सकता है पूरा चुनावी गणित ?
पर क्या नाम वापसी से तस्वीर काफी बदल सकती है.अगर किसी बड़े अध्यक्ष पद के दावेदार का नाम वापस होता है तो उसके साथ जुड़े पैनल के दूसरे उम्मीदवारों और वोटों का गणित भी बदल सकता है. खासकर अगर अलग-अलग खेमों के बीच अंतिम समय में कोई समझौता होता है.भाजपा संगठन स्तर पर विभिन्न पक्षों के बीच बातचीत और सहमति की कोशिशें हुई हैं. हालांकि किसी एक उम्मीदवार या पैनल के समर्थन को लेकर भाजपा की ओर से सार्वजनिक रूप से कोई आधिकारिक घोषणा सामने नहीं आई है.इसलिए अभी सबसे सुरक्षित निष्कर्ष यही है कि असली तस्वीर आज नाम वापसी के बाद ही साफ होगी.
सिर्फ अध्यक्ष नहीं, बाकी पदों पर भी कड़ा मुकाबला
अध्यक्ष के अलावा उपाध्यक्ष, सचिव, संयुक्त सचिव, कोषाध्यक्ष और कार्यकारी सदस्य के पदों पर भी मुकाबला है.
सचिव पद पर मोहित यादव, आशीष तिवाड़ी, सुमेंद्र तिवाड़ी, मनोज कुमार शर्मा, बृजकिशोर उपाध्याय और पिंकेश कुमार जैन के नाम वैध पाए गए हैं.
कोषाध्यक्ष पद पर आशीष तिवाड़ी, सुशील जैन, विष्णु प्रकाश अग्रवाल, राजेश कुमार माथुर और पिंकेश कुमार जैन के नाम हैं.
संयुक्त सचिव पद पर विनोद सहारण, रतन सिंह शेखावत, सुशील जैन, गोविंद स्वरूप उपाध्याय और राजेश सारस्वत मैदान में हैं.
कार्यकारी सदस्य पद पर शोभना गुर्जर, अरिष्ट सिंघवी, धर्मवीर सिंह शेखावत और राकेश चौधरी के नाम वैध हुए हैं.
29 सितंबर को वोटिंग, उसी दिन परिणाम
नाम वापसी के बाद 28 सितंबर शाम को अंतिम उम्मीदवार सूची सामने आएगी. इसके बाद 29 सितंबर को RCA Academy, जयपुर में मतदान होगा और मतदान के बाद मतगणना की प्रक्रिया होगी. अब RCA की पिच पर सबसे बड़े सवाल ये हैं कि क्या पराक्रम राठौड़ नाम वापस लेंगे ? क्या धनंजय खींवसर मैदान में बने रहेंगे ? क्या बृजकिशोर उपाध्याय का पैनल मजबूत होकर सामने आएगा ? क्या आखिरी वक्त में कोई समझौता होगा ? और सबसे बड़ा सवाल—38 वोटरों का समर्थन किस-किस पैनल के साथ जाता है ? इन सवालों के जवाब आज नाम वापसी के बाद मिलेंगे। फिलहाल RCA की चुनावी पिच पर मैच से पहले ही सबसे बड़ा मुकाबला 'नाम वापस लेने या मैदान में डटे रहने' का बन गया है.