Rajasthan AGTF Action: जोधपुर में राजस्थान पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) ने बड़ी कार्रवाई की है. लॉरेंस-आरजू गैंग से जुड़े दो कुख्यात शार्प शूटर पुलिस के हत्थे चढ़े हैं. दोनों पर पंजाब पुलिस ने 5-5 लाख रुपए का इनाम घोषित कर रखा था. पुलिस के अनुसार, दोनों बदमाश पंजाब में हत्या की वारदातों के बाद नेपाल फरार हो गए थे और अब मध्य प्रदेश के रास्ते राजस्थान पहुंचे थे. जोधपुर में किसी बड़े व्यापारी को धमकाकर करोड़ों की रंगदारी मांगने की आशंका थी, लेकिन वारदात से पहले ही AGTF और जोधपुर कमिश्नरेट ने दोनों को दबोच लिया.
जोधपुर में AGTF की कार्रवाई
राजस्थान में गैंगस्टरों के खिलाफ पुलिस का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है. जोधपुर में AGTF और कमिश्नरेट पुलिस ने लॉरेंस-आरजू गैंग के दो इनामी शूटरों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पंजाब के फाजिल्का निवासी जसकरण सिंह उर्फ करण उर्फ सन्नी उर्फ कट्टा और अबोहर निवासी राजिंदर उर्फ बिल्ला के रूप में हुई है. दोनों की उम्र करीब 23 साल है.
2 शार्प शूटर गिरफ्तार
दोनों की उम्र 23 साल
पंजाब पुलिस का 5-5 लाख रुपए का इनाम
पंजाब में हत्या के बाद MP और जोधपुर पहुंचे
जोधपुर में व्यापारी को धमकाने की थी योजना
पंजाब में कई मामलों में वांटेड
पुलिस के अनुसार, दोनों बदमाश पंजाब में कई गंभीर वारदातों में वांटेड थे. अबोहर में कपड़ा व्यापारी संजय वर्मा की हत्या और फाजिल्का में साहिल सेन की हत्या समेत कई मामलों में दोनों की तलाश थी. हत्या की वारदातों के बाद दोनों करीब डेढ़ साल पहले नेपाल भाग गए थे. पंजाब के अलावा हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश पुलिस भी इनकी तलाश में थी.
बड़ी साजिश का खुलासा
पुलिस के अनुसार, जोधपुर में दोनों किसी बड़े व्यापारी को निशाना बनाने की फिराक में थे. व्यापारी को धमकाकर करोड़ों रुपये की रंगदारी मांगने की आशंका जताई जा रही है. यानी पंजाब में हत्या के बाद नेपाल फरार हुए ये शूटर राजस्थान में एक और बड़ी वारदात की तैयारी में थे. लेकिन AGTF की निगरानी और समय रहते की गई कार्रवाई ने इनके मंसूबों पर पानी फेर दिया.
बदमाशों की क्राइम कुंडली
राजिंदर उर्फ बिल्ला
पंजाब में 8 मामले
हत्या
हत्या का प्रयास
धमकी
मारपीट
चोरी/संपत्ति संबंधी अपराध
आर्म्स एक्ट
जसकरण उर्फ करण कट्टा
पंजाब में 4 मामले
हत्या
मारपीट
हथियार से चोट
बलवा/सामूहिक हिंसा
लूट
आपराधिक धमकी
आर्म्स एक्ट
पंजाब के बाद राजस्थान में निगरानी
लॉरेंस बिश्नोई और आरजू बिश्नोई गैंग से जुड़े बदमाशों द्वारा राजस्थान के व्यापारियों को धमकी दिए जाने के मामलों को देखते हुए AGTF की टीमों ने गैंग के शूटरों और राजस्थान से लगे हरियाणा-पंजाब क्षेत्र के ऐसे बदमाशों पर विशेष निगरानी शुरू की थी, जो राजस्थान में वारदात कर वापस फरार हो जाते हैं.
AGTF की टीम ने दोनों आरोपियों की गतिविधियों पर लंबे समय से नजर बना रखी थी. राजस्थान में व्यापारियों को गैंगस्टरों की ओर से धमकी और रंगदारी के मामलों को देखते हुए पंजाब-हरियाणा बॉर्डर से जुड़े ऐसे अपराधियों पर विशेष निगरानी रखी जा रही थी. इसी दौरान AGTF को दोनों शूटरों के राजस्थान आने और बड़ी वारदात की तैयारी से जुड़े इनपुट मिले. फिर शुरू हुआ ऑपरेशन. सिरोही से जोधपुर तक मूवमेंट पर नजर रखी गई और जोधपुर पहुंचते ही दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया.
पुलिसकर्मियों की अहम भूमिका
इस कार्रवाई में AGTF के ASI राकेश की अहम भूमिका रही. पुलिस निरीक्षक रामसिंह, हेड कांस्टेबल प्रवीण कुमार समेत टीम के अन्य पुलिसकर्मियों ने कार्रवाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. एयरपोर्ट थाना जोधपुर पूर्व के थानाधिकारी भरत सिंह रावत और उनकी टीम का भी ऑपरेशन में सहयोग रहा.
पूछताछ में जुटी पुलिस
फिलहाल दोनों आरोपियों से पूछताछ जारी है. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि जोधपुर में किसे निशाना बनाने की तैयारी थी, रंगदारी की रकम कितनी तय थी और इस पूरे नेटवर्क में गैंग के और कितने सदस्य शामिल हैं.