जयपुर पंचायत चुनाव में मतदान से पहले EVM में तकनीकी खराबी: 797 बूथों पर वोटिंग जारी
जयपुर जिले में पंचायतीराज चुनाव के पहले चरण में आठ पंचायत समितियों के 797 मतदान केंद्रों पर वोटिंग हो रही है. मॉकपोल के दौरान खराब मिलीं कुछ EVM बदली गईं. कलेक्टर संदेश नायक ने मतदान केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया.
गांव की सरकार चुनने के लिए जयपुर जिले में सुबह से ही मतदाताओं का मतदान केंद्रों पर पहुंचना शुरू हो गया. पंचायतीराज चुनाव के पहले चरण के तहत जिले की आठ पंचायत समितियों में मतदान कराया जा रहा है. इसके लिए कुल 797 मतदान केंद्र बनाए गए हैं. मतदान के दौरान व्यवस्थाएं सुचारू बनाए रखने के लिए प्रशासन की ओर से निगरानी की जा रही है.
सुबह मतदान शुरू होने से पहले कुछ केंद्रों पर मॉकपोल के दौरान इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) में तकनीकी खराबी सामने आई. इसके बाद संबंधित मशीनों को बदल दिया गया, ताकि मतदाताओं को वोट डालने में परेशानी न हो और मतदान प्रक्रिया निर्धारित व्यवस्था के अनुसार चलती रहे.
आठ पंचायत समितियों के 797 केंद्रों पर मतदान
जयपुर जिले में पंचायतीराज चुनाव के पहले चरण में आठ पंचायत समितियों के अंतर्गत मतदान हो रहा है. गांवों में अपने प्रतिनिधि चुनने के लिए मतदाता मतदान केंद्रों पर पहुंच रहे हैं. चुनाव को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने मतदान केंद्रों पर जरूरी व्यवस्थाएं की हैं.
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जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर संदेश नायक ने बताया कि पहले चरण के मतदान के लिए जिले में 797 मतदान केंद्र स्थापित किए गए हैं. मतदान शुरू होने से पहले मॉकपोल के दौरान कुछ ईवीएम में तकनीकी समस्या सामने आई थी. इन मशीनों को बदल दिया गया है, जिससे मतदान कार्य में बाधा न आए.
जिला निर्वाचन अधिकारी ने मतदान केंद्रों का किया निरीक्षण
मतदान व्यवस्था का जायजा लेने के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर संदेश नायक ने अलग-अलग मतदान केंद्रों का दौरा किया. निरीक्षण के दौरान उन्होंने मतदान प्रक्रिया की जानकारी ली और ईवीएम की स्थिति की जांच की. इसके साथ ही उन्होंने मतदान केंद्रों पर मतदाताओं के लिए उपलब्ध कराई गई सुविधाओं का भी जायजा लिया. अधिकारियों से व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी लेकर मतदान प्रक्रिया को सुचारू बनाए रखने पर ध्यान दिया गया.
मॉकपोल के दौरान सामने आई तकनीकी खामियों को दूर करने के लिए ईवीएम बदलने की कार्रवाई की गई. इससे मतदान शुरू होने से पहले मशीनों की स्थिति सुनिश्चित करने और चुनावी प्रक्रिया को व्यवस्थित रखने में मदद मिली.
बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं के लिए व्हीलचेयर
मतदान केंद्रों पर बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं की सुविधा का भी ध्यान रखा गया है. ऐसे मतदाताओं को मतदान करने में परेशानी न हो, इसके लिए व्हीलचेयर की व्यवस्था की गई है. प्रशासन की ओर से की गई इस व्यवस्था का उद्देश्य मतदान केंद्रों तक पहुंचने और वोट डालने के दौरान बुजुर्गों तथा दिव्यांगजनों को सहूलियत देना है. जिला निर्वाचन अधिकारी ने निरीक्षण के दौरान मतदाताओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी भी ली.
जयपुर जिले में पहले चरण के मतदान के दौरान प्रशासन का जोर मतदान केंद्रों पर जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने और प्रक्रिया को सुचारू बनाए रखने पर है. ईवीएम में तकनीकी खराबी सामने आने पर मशीनें बदली गईं, वहीं अधिकारियों ने केंद्रों का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया.