चंद्रबाबू नायडू का मास्टरस्ट्रोक: 'साइबराबाद' के बाद अब अमरावती की बारी, 5 लाख IITians बदलेंगे आंध्र की किस्मत!
Quantum Valley in Amaravati: आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने राज्य के विकास के लिए अपना मास्टरप्लान साझा किया है. वो अमरावती को एक ग्लोबल क्वांटम वैली के रूप में विकसित करने की योजना बना रहे हैं. साथ ही उन्होंने कई ऐसी दूरदर्शी योजनाओं का ऐलान किया है, जो छात्रों के करियर को नई दिशा देने और उनके भविष्य को संवारने में मददगार साबित होंगी.
Quantum Valley in Amaravati: क्या आने वाले समय में स्कूल की पढ़ाई सिर्फ किताबों और पारंपरिक विषयों तक ही सीमित नहीं रहेगी? क्या अब कक्षा 6 से ही बच्चों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), क्वांटम टेक्नोलॉजी और एंटरप्रेन्योरशिप जैसी स्किल्स सिखाई जाएंगी? आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू का अमरावती में 'क्वांटम वैली' बनाने का मास्टरप्लान कुछ इसी तरह का विजन पेश करता है. नायडू का मानना है कि आने वाले दौर के लिए युवाओं को स्कूल के स्तर से ही भविष्य की तकनीकों के लिए तैयार करना होगा.
मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू द्वारा की गई घोषणा के मुताबिक आंध्र प्रदेश के छात्रों के लिए आने वाले समय में स्कूल की पढ़ाई का तरीका बदल सकता है. सीएम ने बताया है कि राज्य में कक्षा 6वीं से ही छात्रों को एआई और एंटरप्रेन्योरशि सिखाने की दिशा में काम किया जाएगा. इसका मुख्य उद्देश्य छात्रों को शुरुआत में ही नई टेक्नोलॉजी, इनोवेशन और बिजनेस संबंधित स्किल्स से परिचित कराना है.
दरअसल, 3 अक्टूबर 2026 को विजयवाड़ा में पैनआईआईटी आंध्र प्रदेश शिखर सम्मेलन 2026 का आयोजन किया गया था, उस दौरान सीएम ने ये घोषणा की थी. पैन आईआईटी समिट का फोकस डीपटेक, रिसर्च, स्टार्टअप्स, टेक्नोलॉजी ट्रांसफर और शिक्षा को एक साथ जोड़ने पर है.
क्या अमरावती में क्वांटम वैली बनाने की तैयारी?
विजयवाड़ा में आयोजित PAN आईआईटी आंध्र प्रदेश शिखर सम्मेलन 2026 के दौरान सीएम नायडू ने अमरावती में क्वांटम टेक्नोलॉजी सेंटर बनाने की प्लानिंग सामने रखी है. इसके साथ ही उन्होंने बताया कि उनका लक्ष्य आगामी दिनों में क्वांटम वैली का निर्माण करनाना है जिसे अमरावती में बनवाना चाहते हैं. ठीक वैसे ही इसका नाम भी चर्चाओं में चाहते हैं जैसे सिलिकॉन वैली का नाम टेक्नोलॉजी के साथ जुड़ा है.
कहां पर बनेगा क्वांटम वैली?
उन्होंने आगे बताया कि अमरावती के आईआईटी रिसर्च पार्क में क्वांटम वैली बनवाना चाहते हैं. इसके अलावा आईआईटी संस्थानों से राज्य की यूनिवर्सिटीज को मेंटरशिप देने और अलग-अलग सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाने का भी प्लान है. सिर्फ ये ही नहीं, सरकार की प्लानिंग में पैन आईआईटी अमरावती काउंसिल भी है, जिसके जरिए आईआईटी के पूर्व स्टूडेंट्स, यूनिवर्सिटीज, उद्योग और स्टार्टअप के बीच सहयोग को आगे बढ़ाने में भूमिका निभाई जा सकेगी.
इसके अलावा आंध्र प्रदेश में डीप-टेक स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने के लिए भी फंड की घोषणा की गई है. करीब 500 करोड़ के पैन-आईआईटी अमरावती डीप टेक वेंचर फंड का ऐलान किया गया है. इसके जरिए नई टेक्नोलॉजी पर काम करने वाले स्टार्टअप्स और innovation को आर्थिक मदद दी जाएगी.
ये भी पढ़ें- CUET UG में ‘वन स्टूडेंट-वन डे’ का प्लान: बदल सकता है एग्जाम पैटर्न, छात्रों पर क्या होगा असर?