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बिहार में बन रही 11 सैटेलाइट सिटी के लिए किसानों की जमीन लिए जाने के विरोध में किसान नेता राकेश टिकैत के बयान के बाद अब राजनीतिक दलों की प्रतिक्रिया सामने आई है. राकेश टिकैत ने सरकार पर किसानों की जमीन उचित मुआवजा दिए बिना लेने और बड़ी कंपनियों को फायदा पहुंचाने की तैयारी का आरोप लगाया था. उन्होंने कहा था कि किसान अपनी जमीन नहीं जाने देंगे और मांगों को लेकर आंदोलन को और बड़ा किया जाएगा. किसान नेता राकेश टिकैत ने बताया कि किसानों के मुद्दे पर नवादा और खगड़िया में महापंचायत होगी, जबकि नवंबर में पटना में बड़े आंदोलन की तैयारी है.
'मुख्य उद्देश्य किसानों के हित में काम करना'
राकेश टिकैत के बयान पर भाजपा के पूर्व विधायक पवन जायसवाल ने कहा कि उनका बिहार आना या बयान देना कोई विषय नहीं है. सरकार का मुख्य उद्देश्य किसानों के हित में काम करना और बिहार को विकसित करना है. उन्होंने कहा कि बिहार में टाउनशिप का निर्माण पहली बार नहीं हो रहा है और नोएडा-गुड़गांव जैसे शहर भी इसी तरह विकसित हुए हैं. पवन जायसवाल ने कहा कि किसानों की चिंता को ध्यान में रखते हुए विकास किया जा रहा है और 55 प्रतिशत जगह जमीन डेवलप करके किसानों को देने की बात है. उन्होंने कहा कि सरकार की किसानों से बातचीत हुई है और नगर विकास मंत्री नीतीश मिश्रा समेत अन्य मंत्रियों ने किसानों के साथ बैठक कर उनकी समस्याएं सुनी हैं.
'पीएम मोदी ने किसानों के लिए काफी काम किया'
रालोमो विधायक माधव आनंद ने कहा कि विकास और औद्योगीकरण के लिए भूमि अधिग्रहण की जरूरत होती है, जिससे रोजगार के अवसर पैदा होते हैं. उन्होंने सैटेलाइट सिटी को आधुनिक अर्बन कॉन्सेप्ट बताते हुए कहा कि बिहार में मुख्यमंत्री की ओर से लाया गया यह कॉन्सेप्ट एक अच्छी पहल है. राकेश टिकैत पर निशाना साधते हुए माधव आनंद ने कहा कि वे खुद को किसानों का नेता बताते हैं, लेकिन कहीं न कहीं हर मुद्दे का राजनीतिकरण करने की कोशिश करते हैं. उन्होंने कहा कि केंद्र और बिहार सरकार हमेशा किसानों के हित की बात करती है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों के लिए काफी काम किया है.
'किसान की जमीन जबरन नहीं ली जा सकती'
वहीं, राजद के मुख्य प्रवक्ता सह पूर्व विधायक शक्ति सिंह यादव ने राकेश टिकैत के रुख का समर्थन करते हुए कहा कि किसी भी किसान की जमीन जबरन नहीं ली जा सकती. उन्होंने आरोप लगाया कि अगर कुछ कॉरपोरेट लोगों को फायदा पहुंचाने के लिए किसानों की जमीन बलपूर्वक लेने की कोशिश की गई तो उसका विरोध होगा और आंदोलन भी होंगे. शक्ति सिंह यादव ने कहा कि किसान अपनी जमीन नहीं जाने देंगे और जमीन लेने की प्रक्रिया प्रजामंदी से होनी चाहिए, जबरन नहीं. उन्होंने कहा कि सरकार किसानों की जमीन जबरन या बंदूक की नोक पर नहीं ले सकती और पूरे मामले पर सरकार को विचार करना चाहिए.
हजारों किसानों को आज तक नहीं मिला मुआवजा
कांग्रेस MLC समीर सिंह ने किसान नेता राकेश टिकैत के बयान का समर्थन करते हुए कहा कि टिकैत किसानों के बड़े नेता हैं और राष्ट्रीय स्तर पर उनकी पहचान है. उन्होंने कहा कि बिहार में किसानों को मुआवजा नहीं मिलने की शिकायत आम हो गई है. सड़क और अन्य संस्थानों के लिए जमीन लिए जाने के बावजूद हजारों किसानों को आज तक मुआवजा नहीं मिला है. समीर सिंह ने कहा कि सरकार को राकेश टिकैत की मांगों के आलोक में गंभीरता से विचार करना चाहिए और किसानों को समय पर मुआवजा देने की मांग को पूरा करना चाहिए.
रिपोर्ट: शिवम राज